योग और आयुर्वेद स्वस्थ जीवन की आधारशिला : डॉ. प्रेम कुमार ।। 2.तिरंगा हमारी राष्ट्रीय एकता, अखंडता और गौरव का प्रतीक : डॉ. प्रेम कुमार
राजकुमार यादव
पटना/बिहार विधान सभा के माननीय अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार ने आज पश्चिम बंगाल के कोलकाता स्थित शिलपारा में स्वामी संतोष आनंद जी महाराज द्वारा आयोजित तीन दिवसीय योग एवं आयुर्वेद प्रशिक्षण शिविर के दूसरे दिन उपस्थित होकर योग, आयुर्वेद और भारतीय जीवन पद्धति के महत्व पर अपना संदेश दिया।
डॉ. प्रेम कुमार ने कहा कि योग और आयुर्वेद भारत की प्राचीन ज्ञान परंपरा की ऐसी अमूल्य धरोहर हैं, जो आज पूरे विश्व को स्वस्थ एवं संतुलित जीवन जीने का मार्ग दिखा रहे हैं। आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में अनियमित दिनचर्या, तनाव, खान-पान में बदलाव और प्रकृति से दूरी के कारण अनेक स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं बढ़ रही हैं। ऐसे समय में योग, प्राणायाम, ध्यान, संतुलित आहार और आयुर्वेदिक जीवनशैली को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाना अत्यंत उपयोगी हो सकता है।
उन्होंने शिविर के आयोजन के लिए स्वामी संतोष आनंद जी महाराज का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस प्रकार के प्रशिक्षण शिविर समाज में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता पैदा करने के साथ-साथ भारतीय संस्कृति और जीवन पद्धति को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं।
उन्होंने शिविर में महिलाओं की भागीदारी की विशेष रूप से सराहना करते हुए कहा कि परिवार के स्वास्थ्य और संस्कार निर्माण में महिलाओं की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। यदि महिलाएं योग, आयुर्वेद, पौष्टिक आहार और स्वस्थ जीवनशैली के प्रति जागरूक होंगी तो इसका सकारात्मक प्रभाव पूरे परिवार और समाज पर पड़ेगा।
डॉ. प्रेम कुमार ने उपस्थित लोगों से आह्वान किया कि वे स्वयं योग एवं आयुर्वेद को अपनाने के साथ-साथ अपने परिवार, समाज और आसपास के लोगों को भी इसके प्रति जागरूक करें। उन्होंने कहा कि “स्वस्थ व्यक्ति ही स्वस्थ परिवार का निर्माण करता है और स्वस्थ परिवार से स्वस्थ एवं सशक्त समाज का निर्माण होता है।
उन्होंने कहा कि आज आवश्यकता है कि आधुनिक चिकित्सा पद्धति के साथ-साथ हमारी पारंपरिक स्वास्थ्य ज्ञान परंपराओं के वैज्ञानिक एवं प्रमाणित पक्षों के प्रति भी जागरूकता बढ़ाई जाए। योग और आयुर्वेद को जीवन में अपनाते हुए हमें नियमित दिनचर्या, संतुलित आहार, पर्याप्त विश्राम और सकारात्मक सोच पर विशेष ध्यान देना चाहिए।
2.तिरंगा हमारी राष्ट्रीय एकता, अखंडता और गौरव का प्रतीक : डॉ. प्रेम कुमार
बिहार विधान सभा के माननीय अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार ने बुधवार को गयाजी जिला समाहरणालय से गांधी मंडप तक आयोजित तिरंगा यात्रा में शामिल होकर देश की एकता, अखंडता और राष्ट्रभक्ति का संदेश दिया। तिरंगा यात्रा में माननीय विधायक मनोरमा देवी, जिला पदाधिकारी, वरीय पुलिस अधीक्षक, पुलिस अधीक्षक, अनुमंडलाधिकारी, एनसीसी कैडेट्स, विद्यालय के छात्र छात्रा,स्काउट एवं गाइड, ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विद्यालय संस्था के प्रतिनिधि, जीविका दीदियां सहित बड़ी संख्या में आमजन शामिल हुए।
इस अवसर पर डॉ. प्रेम कुमार ने कहा कि देश के यशस्वी प्रधानमंत्री आदरणीय नरेंद्र भाई मोदी जी के आह्वान पर स्वतंत्रता के 75वें वर्ष के अवसर पर आयोजित आजादी का अमृत महोत्सव देशवासियों में राष्ट्रभक्ति और राष्ट्रीय गौरव की भावना को मजबूत करने वाला अभियान रहा है। तिरंगा यात्रा इसी राष्ट्रभावना को जन-जन तक पहुंचाने का सशक्त माध्यम है।
उन्होंने कहा कि तिरंगा केवल तीन रंगों से बना राष्ट्रीय ध्वज नहीं, बल्कि भारत की एकता, अखंडता, संप्रभुता, त्याग, शौर्य और गौरव का प्रतीक है। देश के कोने-कोने में आयोजित तिरंगा यात्राएं राष्ट्र के प्रति सम्मान और नागरिकों में देशभक्ति की भावना को और मजबूत कर रही हैं।
डॉ. प्रेम कुमार ने कहा कि तिरंगा यात्रा के माध्यम से देश की युवा शक्ति और आम नागरिकों को ‘राष्ट्र प्रथम’ की भावना से जुड़ने का अवसर मिलता है। तिरंगे का केसरिया रंग साहस और त्याग, श्वेत रंग सत्य एवं शांति तथा हरा रंग समृद्धि और विकास का संदेश देता है। ध्वज के मध्य स्थित अशोक चक्र हमें निरंतर कर्म, प्रगति और आगे बढ़ने की प्रेरणा देता है।
उन्होंने कहा कि भारत की स्वतंत्रता असंख्य वीरों, स्वतंत्रता सेनानियों और देशभक्तों के त्याग एवं बलिदान का परिणाम है। महात्मा गांधी, नेताजी सुभाष चंद्र बोस, भगत सिंह, चंद्रशेखर आजाद, सरदार वल्लभभाई पटेल, डॉ. राजेंद्र प्रसाद सहित अनगिनत स्वतंत्रता सेनानियों ने राष्ट्र की स्वतंत्रता और सम्मान के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर किया। तिरंगा यात्रा के माध्यम से हम उन महान राष्ट्रनायकों के प्रति अपनी श्रद्धा और कृतज्ञता व्यक्त कर रहे हैं।
अध्यक्ष ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत आत्मनिर्भर और विकसित भारत के संकल्प के साथ तेजी से आगे बढ़ रहा है। आज भारत की पहचान विश्व में एक सशक्त, सक्षम और आत्मविश्वासी राष्ट्र के रूप में स्थापित हो रही है। ऐसे समय में तिरंगा यात्रा देशवासियों में राष्ट्रीय एकता और ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ की भावना को और मजबूत करती है।
उन्होंने समस्त देशवासियों से अपील करते हुए कहा कि सभी लोग पूरे उत्साह, सम्मान और अनुशासन के साथ तिरंगा यात्राओं में भाग लें तथा राष्ट्र की एकता, अखंडता और संप्रभुता को मजबूत करने का संकल्प लें। तिरंगे का सम्मान करना प्रत्येक भारतीय का गौरव और दायित्व है।
तिरंगा यात्रा गांधी मैदान स्थित गांधी मंडप में पुष्पांजलि कर समापन की गई।

