संसद सदस्य सड़क सुरक्षा समिति की जिला स्तरीय बैठक आयोजित।। 2.सुपर फूड मखाना की खेती से दोगुनी होगी मिथिला के किसानों की आय।। 3. जिलास्तरीय समन्वय एवं अनुश्रवण समिति (दिशा ) की बैठक।। 4.शिक्षा की गुणवत्ता सुधार हेतु दो पाली में विद्यालय संचालन का निर्णय।। 5.पॉलीथिन मुक्त शहर की ओर बढ़ते कदम, स्वच्छता साथियों का जागरूकता अभियान
न्यूज डेस्क
मधुबनी जिले में सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम एवं सुरक्षित यातायात व्यवस्था सुनिश्चित करने के उद्देश्य से माननीय सांसद, झंझारपुर लोकसभा एवं संसद सदस्य सड़क सुरक्षा समिति के अध्यक्ष श्री रामप्रीत मंडल की अध्यक्षता में डीआरडीए सभागार में सड़क सुरक्षा से संबंधित जिला स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
बैठक के दौरान जिला परिवहन पदाधिकारी द्वारा पावर प्वाइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से सड़क दुर्घटनाओं के प्रमुख कारणों, विगत वर्षों की दुर्घटना रिपोर्ट तथा भावी कार्ययोजना की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की गई। जिलाधिकारी आनंद शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि विशेष अभियान चलाकर जिले के सभी ई-रिक्शा का पंजीकरण सुनिश्चित किया जाएगा तथा उन्हें विभिन्न जोनों में विभाजित कर अलग-अलग रंग कोड आवंटित किया जाएगा। साथ ही ई-रिक्शा चालकों के प्रशिक्षण हेतु भी व्यापक योजना तैयार की जा रही है। उन्होंने यह भी बताया कि शीघ्र ही जिले को टोइंग वैन उपलब्ध कराया जाएगा। मधुबनी रिंग रोड एवं बस स्टैंड का कार्य प्रारंभ हो चुका है, जिसके पूर्ण होने पर शहर की यातायात व्यवस्था में उल्लेखनीय सुधार होगा।
माननीय सांसद श्री रामप्रीत मंडल ने निर्देश दिया कि प्रत्येक सड़क दुर्घटना के पीछे के संरचनात्मक, मानवीय एवं तंत्रगत कारणों का गहन विश्लेषण किया जाए। दुर्घटना संभावित स्थलों (ब्लैक स्पॉट) की पहचान कर वहां साइन बोर्ड, स्पीड ब्रेकर, रिफ्लेक्टर एवं सीसीटीवी कैमरा जैसे सुरक्षात्मक उपायों को प्राथमिकता के आधार पर लागू किया जाए।
बैठक में हिट एंड रन मामलों में मुआवजा भुगतान की समीक्षा करते हुए सांसद महोदय ने निर्देश दिया कि पीड़ित परिवारों को मुआवजा देने की प्रक्रिया सरल, पारदर्शी एवं समयबद्ध बनाई जाए। इसके लिए सभी थानों एवं अस्पतालों को आवश्यक दिशा-निर्देश उपलब्ध कराए जाएं।
शहर एवं प्रमुख सड़कों पर ओवरस्पीडिंग की बढ़ती घटनाओं पर चिंता व्यक्त करते हुए गति सीमा संकेतक, चेतावनी बोर्ड, ट्रैफिक पुलिस की नियमित गश्ती एवं सीसीटीवी निगरानी को और सुदृढ़ करने का निर्देश दिया गया।
बैठक में बच्चों एवं युवाओं के बीच यातायात जागरूकता बढ़ाने हेतु विद्यालयों, महाविद्यालयों, पंचायत भवनों एवं हाट-बाजारों में पोस्टर अभियान, नुक्कड़ नाटक एवं वीडियो स्क्रीनिंग कार्यक्रम आयोजित करने का निर्णय लिया गया। साथ ही प्रत्येक प्रखंड अथवा पंचायत स्तर पर मिनी ट्रैफिक पार्क स्थापित कर बच्चों को ट्रैफिक नियमों का व्यवहारिक प्रशिक्षण देने की योजना पर भी जोर दिया गया।
सड़क दुर्घटनाओं के बाद ‘गोल्डन ऑवर’ के महत्व को रेखांकित करते हुए सांसद महोदय ने 108 एम्बुलेंस सेवा, ट्रॉमा सेंटर एवं जिला अस्पताल की आपात चिकित्सा सेवाओं को और सुदृढ़ करने के निर्देश दिए। साथ ही नाबालिगों द्वारा वाहन चलाने की घटनाओं पर रोक लगाने हेतु विशेष अभियान चलाकर कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
अंत में माननीय सांसद ने कहा कि सड़क सुरक्षा से संबंधित सभी निर्णयों की नियमित समीक्षा की जाएगी।बैठक में उपस्थित माननीय सदस्यों द्वारा दिए गए महत्वपूर्ण सुझाव को लेकर उन्होंने सभी को धन्यवाद भी दिया।
बैठक में माननीय लोकसभा सदस्य एवं सह-अध्यक्ष जिला समन्वय एवं अनुश्रवण समिति श्री अशोक कुमार यादव, माननीय सदस्य बिहार विधान परिषद श्री घनश्याम ठाकुर, माननीय सदस्य बिहार विधानसभा श्रीमती मीना कामत, जिला परिषद अध्यक्ष श्रीमती बिंदु गुलाब यादव, उप विकास आयुक्त श्री सुमन प्रसाद साह, जिला परिवहन पदाधिकारी श्री राम बाबू, सिविल सर्जन डॉ हरेंद्र कुमार, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी सहित अन्य पदाधिकारी एवं जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।
2.सुपर फूड मखाना की खेती से दोगुनी होगी मिथिला के किसानों की आय
मधुबनी/डॉ. राजेन्द्र प्रसाद केन्द्रीय कृषि विश्वविद्यालय (पूसा) के मखाना अनुसंधान केंद्र ने झंझारपुर में मखाना परियोजना की सफलता मिथिलांचल के किसानों की आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ करने और मखाना उत्पादन को आधुनिक तकनीक से जोड़ने की दिशा में डॉ. राजेन्द्र प्रसाद केन्द्रीय कृषि विश्वविद्यालय, पूसा द्वारा संचालित मखाना परियोजना एक नई मिसाल पेश कर रही है। विश्वविद्यालय के मखाना अनुसंधान एवं विकास उत्कृष्टता केंद्र के तत्वाधान में क्षेत्रीय अनुसंधान केंद्र, झंझारपुर द्वारा मखाना परियोजना का सफलतापूर्वक संचालन किया जा रहा है।
प्रमुख उपलब्धियां और बीज उत्पादन
परियोजना के तहत झंझारपुर स्थित क्षेत्रीय अनुसंधान केंद्र के परिसर में 0.5 हेक्टेयर क्षेत्र में गुणवत्तापूर्ण बीज उत्पादन का कार्य किया जा रहा है। इसका मुख्य उद्देश्य किसानों को उच्च श्रेणी के बीज उपलब्ध कराना है ताकि फसल की पैदावार और गुणवत्ता दोनों में वृद्धि हो सके।
उन्नत किस्म ‘स्वर्ण वैदेही’ का सफल प्रदर्शन वैज्ञानिक मार्गदर्शन में मखाना की उन्नत किस्म ‘स्वर्ण वैदेही’ का अग्रिम पंक्ति प्रदर्शन किसानों के खेतों पर सफलतापूर्वक संपन्न किया गया। इसमें मुख्य रूप से निम्नलिखित प्रगतिशील किसानों ने हिस्सा लिया श्री भागवत मुखिया ग्राम मेहथ, प्रखंड झंझारपुर श्री परमेश्वर मुखिया ग्राम भगवतीपुर, प्रखंड पंडौल विशेषज्ञों का निरीक्षण एवं विजन परियोजना के निरीक्षण हेतु पहुंची परियोजना निदेशक डॉ. पूजा सिंह ने झंझारपुर और आसपास के क्षेत्रों में संचालित मखाना खेती का जायजा लिया। किसानों के खेतों पर लहलहाती फसल को देखकर उन्होंने टीम के कार्यों की सराहना की और कहा”मखाना एक ‘सुपर फूड’ है जिसकी मांग वैश्विक स्तर पर बढ़ रही है। उन्नत तकनीकों और स्वर्ण वैदेही जैसी किस्मों के प्रयोग से मिथिला के किसानों की आय निश्चित तौर पर दोगुनी होगी। यह खेती आने वाले समय में क्षेत्र के लिए सबसे लाभकारी सौदा साबित होगी।”निरीक्षण दल में शामिल प्रमुख सदस्य निरीक्षण के दौरान क्षेत्रीय अनुसंधान केंद्र के प्रभारी डॉ. संजय कुमार के साथ वैज्ञानिकों की एक बड़ी टीम उपस्थित रही, जिसमें डॉ. घनश्याम नाथ झा, डॉ. सुमित कुमार, श्री धीरेंद्र कुमार, श्री आशीष राय, सुधांशु रंजन और अशोक राम शामिल थे। इस अवसर पर मखाना उत्पादक किसान श्री महेश्वर ठाकुर, रंजीत मुखिया, भागवत मुखिया, परमेश्वर मुखिया एवं अशोक कुमार चौधरी सहित कई अन्य गणमान्य व्यक्ति और कृषि कर्मचारी उपस्थित रहे।
3. जिलास्तरीय समन्वय एवं अनुश्रवण समिति (दिशा ) की बैठक
मधुबनी/सांसद सह अध्यक्ष जिला स्तरीय समन्वय एवं अनुश्रवण समिति श्री रामप्रीत मंडल की अध्यक्षता में डीआरडीए सभागार मधुबनी में दिशा की बैठक आयोजित की गई। सर्वप्रथम गत बैठक की कार्यवाही का अनुपालन प्रतिवेदन की विभागवार समीक्षा की गई। समीक्षा के क्रम में
जिला कृषि पदाधिकारी ने कहा कि वित्तीय वर्ष 2024-25 में मिट्टी जांच नमूना का लक्ष्य 19600 के विरुद्ध शत-प्रतिशत नमूनों का विश्लेषण कर लिया गया है । वित्तीय वर्ष 2025-26 में 11798 का लक्ष्य के विरुद्ध 10126 मिट्टी नमूना संग्रहण कर 3468 किसानों के बीज मृदा स्वास्थ कार्ड का वितरण किया गया।
साथ ही वित्तीय वर्ष 25 -26 में 11798 लक्ष्य के विरुद्ध शत प्रतिशत मिट्टी नमूना का विश्लेषण कर लिया गया है एवं 11798 मृदा स्वास्थ कार्ड का वितरण किसानों के बीच कर लिया गया है। उन्होंने बताया कि आत्मा योजना से प्रशिक्षण का लक्ष्य 19320 एवं परिभ्रमण का लक्ष्य 3465 के विरुद्ध किसानों को लाभान्वित किया जा रहा है एवं किसान गोष्ठी का लक्ष्य 42 के आलोक में सभी किसान गोष्ठी आयोजन कर लिया गया है।
उन्होंने यह भी बताया कि उर्वरक की बिक्री पर निर्धारित मूल्य पर करने हेतु सभी प्रखंडों में लगातार छापामारी की जा रही है एवं उर्वरक प्रतिष्ठानों पर कृषि समन्वयक किसान सलाहकार की प्रतिनियुक्ति की गई है प्राप्त शिकायत के आलोक में खरीफ 2025 में 03 उर्वरक प्रतिष्ठान पर प्राथमिकी एवं 13 उर्वरक प्रतिष्ठानों की अनुज्ञप्ति रद्द की गई तथा रबी 2025 -26 में 4 उर्वरक प्रतिष्ठानों की अनुज्ञप्ति रद्द की गई है।
मधुबनी जिलांतर्गत प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना अंतर्गत 288405 किसन लाभान्वित है । उक्त योजना में भारत सरकार द्वारा लाभुकों के खाते में 22वी में किस्त की राशि प्रदान की गई।
समीक्षा के क्रम में
सिविल सर्जन ने कहा कि वर्तमान में जिला में 700 स्वीकृत पद के विरुद्ध मात्र 180 चिकित्सक कार्यरत है। उपलब्ध चिकित्सकों से ही प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर कार्य लिया जा रहा है । प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर नर्स कार्यरत है। उप स्वास्थ्य केंद्र पर चिकित्सक का पद स्वीकृत नहीं है ।उप स्वास्थ्य केंद्रों पर सी0 एच0 ओ0 एवं ए0एन0 एम0 कार्यरत है एवं उनके द्वारा आमजनों को चिकित्सकीय सुविधा उपलब्ध कराई जाती है। भवन का निर्माण भी स्वास्थ्य विभाग से स्वीकृत के उपरांत बी0 एम0 एस0 आई0 सी0 एल0 द्वारा कराया जा रहा।
उन्होंने बताया कि सदर अस्पताल मधुबनी में वेंटिलेटर की सुविधा टेक्नीशियन तथा मूर्छक की पदस्थापना पश्चात् की जा सकेगी। विभाग के स्तर से साथ निश्चय पार्ट 3 के तहत सदर अस्पताल में विशेषज्ञ चिकित्सा की व्यवस्था हेतु अग्रेतर कार्रवाई की जा रही है।
सहायक निदेशक जिला सामाजिक सुरक्षा पदाधिकारी मधुबनी के द्वारा बताया गया कि वर्तमान में जीवन प्रमाणीकरण का कार्य कैंप के माध्यम से किया जा रहा है ।अधिक उम्र वाले पेंशनधारियों का जीवन प्रमाणीकरण आईरिस डिवाइस का उपयोग करके नियमित सभी प्रखंड को आईरिस डिवाइस उपलब्ध कराया गया है। जिले में खाद एवं बीज की उपलब्धता को लेकर भी चर्चा हुई एवं माननीय अध्यक्ष द्वारा इसकी सतत कड़ी निगरानी के भी निर्देश दिए गए।माननीय सदस्य बिहार विधान परिषद श्री घनश्याम ठाकुर सहित अन्य माननीय सदस्यों के द्वारा जीवछ नदी को लेकर स्वच्छता एवं सफाई अभियान,पीएम सूर्य कुटीर योजना ,विद्यालयों में वर्ग कक्ष मरम्मती कार्य,राम पट्टी में पंचायत सरकार भवन का अतिक्रमण,नहरो के अंतिम छोर तक पानी पहुंचाना,क्षतिग्रस्त सड़कों का निर्माण,कस्तूरबा विद्यालय के क्षतिग्रस्त भवन की मरम्मती, फसल क्षति,गर्मी के मौसम में पेयजल की समस्या,पंडौल से सकरी तक दोनों तरफ सड़क अतिक्रमण,उप स्वास्थ्य केंद्र के लिए भूमि की उपलब्धता,कृषि फीडर से ससमय विद्युत कनेक्शन आदि कई मामलों पर प्रश्न उठाया गया। इसके पूर्व माननीय सांसद सह अध्यक्ष श्री रामप्रीत मंडलl ने बैठक में उपस्थित सभी सदस्यों एवं प्रखंड प्रमुखों का स्वागत करते हुए कहा कि सभी के सहयोग एवं सक्रिय प्रयास से जिले के विकास में तेजी लाई जाएगी। उन्होंने कहा कि हम सब मिलकर जिले की समस्याओं का त्वरित समाधान करेंगे। उन्होंने उपस्थित सभी सदस्यों को अच्छे वातावरण में बेहतर तरीके से अपनी समस्याओं को रखने एवं उनके बहुमूल्य सुझाव के लिए धन्यवाद भी दिया। उन्होंने कहा कि मधुबनी जिले का तीव्र गति से विकास हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। दिशा के सह अध्यक्ष एवं माननीय सांसद श्री अशोक कुमार यादव ने कहा कि यह एक काफी महत्वपूर्ण बैठक है।सदस्यों द्वारा उठाए गए प्रश्नों एवं महत्पूर्ण सुझाव का ससमय अनुपालन सुनिश्चित करे।उन्होंने कहा कि विकास योजनाओं को ससमय पूरी गुणवत्ता से पूर्ण करना ही हमारी प्राथमिकता है।
प्रोजेक्ट डायरेक्टर एनएचआई,रेलवे एवं पोस्ट ऑफिस के अधिकारियों की बैठक से अनुपस्थित को लेकर सभी सदस्यों ने असंतोष व्यक्त करते हुए खेद जताई। बैठक में उपस्थित सभी सदस्यों ने जहाँ अपने क्षेत्र से संबंधित समस्याओं को पूरी गंभीरता के साथ रखा, वहीं जिला के विकास को लेकर भी कई महत्वपूर्ण सुझाव भी दिए। सदस्यों द्वारा सड़को की मरम्मती, रख रखाव वाले सड़कों की औचक जांच,उर्वरक की कालाबाजारी,स्वास्थ्य सुविधाओं,नल-जल योजना आदि से संबधित भी प्रश्न पूछे गए। इसके अतिरिक्त प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना, कृषि, उद्यान, मनरेगा, प्रधानमंत्री आवास योजना, नल जल योजना, स्वास्थ्य विभाग, कल्याण विभाग, नगर निगम एवं नगर पंचायतों में आवास, , नेशनल हाईवे, राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना, सामाजिक सुरक्षा, बाल विकास परियोजना आदि से जुड़े मामलों पर भी गंभीर और सकारात्मक चर्चा हुई एवं अध्यक्ष द्वारा कई आवश्यक दिशा निर्देश भी दिए गए।
बैठक के दौरान माननीय सदस्यों द्वारा उठाये गए प्रश्नों का संबधित अधिकारियों द्वारा आवश्यक करवाई की बात कही गई। जिलाधिकारी ने कहा कि सभी माननीय सदस्यों द्वारा दिये गए सुझाव काफी महत्वपूर्ण हैं, इसे गंभीरता से लेकर इस पर अमल किया जाएगा साथ ही प्राप्त शिकायतों का भी त्वरित निष्पादन किया जाएगा।उन्होंने कहा कि माननीय सदस्यों द्वारा उठाए गए प्रश्नों एवं महत्वपूर्ण सुझावों को लेकर प्रत्येक 15दिनों पर इसकी समीक्षा की जाएगी ताकि अगली बैठक तक शत प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित किया जा सके। उन्होंने उपस्थित सभी सदस्यों का धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा कि हम आश्वश्त करते हैं कि आपके द्वारा उठाये गए सभी बिंदुओं का गंभीरता पूर्वक पालन किया जाएगा। उक्त बैठक में माननीय लोक सभा सदस्य एवं सह अध्यक्ष जिला समन्वय एवं अनुश्रवण समिति,श्री अशोक कुमार यादव, माननीय सदस्य बिहार विधान परिषद श्री घनश्याम ठाकुर,माननीय सदस्य, बिहार विधान सभा,श्रीमती मीना कामत,जिलाधिकारी आनंद शर्मा, जिला परिषद अध्यक्ष श्रीमती बिंदु गुलाब यादव, उप विकास आयुक्त सुमन प्रसाद साह, ,सिविल सर्जन डॉ हरेंद्र कुमार,डीपीआरओ परिमल कुमार,विभिन्न प्रखंडों के पंचायत समिति प्रमुख, जिला परिषद सदस्यगण आदि उपस्थित थे।
4.शिक्षा की गुणवत्ता सुधार हेतु दो पाली में विद्यालय संचालन का निर्णय
जिला पदाधिकारी आनंद शर्मा के निर्देशानुसार मधुबनी जिले के सभी मध्य विद्यालय एवं उत्क्रमित उच्च माध्यमिक/उच्च माध्यमिक विद्यालयों में शिक्षा की गुणवत्ता में व्यापक सुधार लाने के उद्देश्य से महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है।जिलाधिकारी ने अपने आदेश में कहा है कि छात्र-शिक्षक अनुपात में असंतुलन तथा संसाधनों की सीमित उपलब्धता को ध्यान में रखते हुए विद्यालयों का संचालन अब दो पाली (शिफ्ट) में किया जाएगा।
जिलाधिकारी ने बताया कि कई विद्यालयों में छात्रों की संख्या अधिक होने के कारण गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रभावित हो रही थी। इस समस्या के समाधान के लिए यह व्यवस्था लागू की जा रही है, जिससे प्रत्येक छात्र को बेहतर शैक्षणिक वातावरण एवं सुविधाएं मिल सकें।
नया समय-सारणी (शिफ्ट सिस्टम)
प्रथम पाली (कक्षा 1–8): प्रातः 06:30 बजे से 11:30 बजे तक
द्वितीय पाली (कक्षा 9–12): अपराह्न 12:00 बजे से 05:00 बजे तक
पूर्वाह्न 11:30 बजे से 12:00 बजे के बीच विद्यालय परिसर की साफ-सफाई सुनिश्चित की जाएगी, ताकि द्वितीय पाली के संचालन में किसी प्रकार की बाधा न आए।
प्रमुख निर्देश
21 अप्रैल 2026 को जिला शिक्षा पदाधिकारी द्वारा सभी संबंधित विद्यालय प्रधानों के साथ बैठक आयोजित कर विस्तृत दिशा-निर्देश दिए जाएंगे।
22 अप्रैल से 24 अप्रैल 2026 तक विद्यालयों में शिक्षक-पालक बैठक आयोजित कर नई व्यवस्था की जानकारी साझा की जाएगी।
25 अप्रैल 2026 को विद्यालय शिक्षा समिति की बैठक में इस व्यवस्था को अनुमोदित कर हस्ताक्षरित प्रस्ताव विभाग को भेजा जाएगा।
27 अप्रैल 2026 से सभी चिन्हित विद्यालयों में दो पाली प्रणाली लागू कर दी जाएगी।
साथ ही, बिहार सरकार के सेवा वर्गीकरण नियमावली-2005 के तहत विद्यालयों में आवश्यकतानुसार शिक्षकों की उपस्थिति एवं कार्य आवंटन सुनिश्चित किया जाएगा। आदेश के अनुपालन में किसी प्रकार की लापरवाही पाए जाने पर संबंधित विद्यालयों के प्रधानाध्यापक एवं कर्मियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।
जिलाधिकारी का संदेश
जिलाधिकारी आनंद शर्मा ने कहा कि यह पहल शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इससे विद्यार्थियों को बेहतर सीखने का माहौल मिलेगा और शिक्षकों को भी प्रभावी ढंग से शिक्षण कार्य करने में सुविधा होगी। उन्होंने सभी अभिभावकों, शिक्षकों एवं संबंधित अधिकारियों से इस व्यवस्था को सफल बनाने में सहयोग की अपील की।
5.पॉलीथिन मुक्त शहर की ओर बढ़ते कदम, स्वच्छता साथियों का जागरूकता अभियान
मधुबनी/शहर में स्वच्छता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से स्वच्छता साथियों द्वारा व्यापक जागरूकता अभियान चलाया गया। इस क्रम में थाना मोड़, शंकर चौक, गिलेशन बाजार, बाटा चौक सहित विभिन्न प्रमुख स्थानों पर पहुंचकर दुकानदारों को स्वच्छता के प्रति जागरूक किया गया।
अभियान के दौरान स्वच्छता साथियों ने दुकानदारों से अनुरोध किया कि वे कूड़ा – कचरा आदि को इधर न फेंके उसे डस्टबिन में ही डालें, इस से हम स्वस्थ भी रहेंगे और ग्राहक के पास अच्छा संदेश जाएगा जिससे आपकी दुकानदारी भी बढ़ेगी।मौके पर ही उन्होंने एकल उपयोग वाले पॉलीथिन का प्रयोग नहीं करने की अपील भी की। दुकानदारों को पॉलीथिन के उपयोग से होने वाले पर्यावरणीय एवं स्वास्थ्य संबंधी दुष्प्रभावों की जानकारी भी विस्तारपूर्वक दी गई। उन्होंने बताया कि पॉलीथिन के अत्यधिक उपयोग से पर्यावरण प्रदूषण बढ़ता है और यह मानव जीवन के साथ-साथ पशुओं के लिए भी हानिकारक साबित होता है।
इस अवसर पर नगर निगम, मधुबनी के स्वच्छता पदाधिकारी अमिताभ गुंजन ने कहा कि स्वच्छता केवल एक अभियान नहीं, बल्कि हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने आमजनों एवं दुकानदारों से अपील की कि वे पॉलीथिन का उपयोग बंद कर पर्यावरण संरक्षण में अपनी सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करें।
वहीं डीपीओ, नमामि गंगे आनंद अंकित ने कहा कि स्वच्छ एवं स्वस्थ वातावरण के लिए प्लास्टिक मुक्त समाज की दिशा में ठोस कदम उठाना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के जागरूकता अभियान से लोगों में सकारात्मक बदलाव आएगा और स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ेगी।
इस जागरूकता अभियान को सफल बनाने में अविनाश चौधरी, मीनातुल्ला, कल्याणी, अशोक राम, राम, प्रकाश राम, साजन, दीपक कुमार, इंद्रदेव यादव, नीतू कुमारी सहित अन्य स्वच्छता साथियों ने सक्रिय भूमिका निभाई।

