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बिहार में सड़क एवं आधारभूत संरचना के विकास हेतु निरंतर सहयोग के लिए मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री एवं केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री के प्रति व्यक्त किया।। 2.सभा सचिवालय में खेल संस्कृति को बढ़ावा देने की पहल क्रिकेट टूर्नामेंट सहित विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं का होगा आयोजन ।। 3.मुख्यमंत्री ने 52वीं राष्ट्रीय जूनियर बालक कबड्डी प्रतियोगिता-2026 का किया उद्घाटन

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न्यूज डेस्क 

पटना/ मुख्यमंत्री  सम्राट चौधरी ने आज अपने दिल्ली दौरे के दौरान केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री श्री नितिन गडकरी के साथ उच्चस्तरीय बैठक की। केन्द्रीय मंत्री के आवास पर हुयी बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने बिहार में राष्ट्रीय राजमार्गों एवं एक्सप्रेस-वे के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने तथा लंबित परियोजनाओं को शीघ्र शुरू करने पर विस्तार से चर्चा की। मुख्यमंत्री ने बिहार में सड़क एवं आधारभूत संरचना के विकास हेतु निरंतर सहयोग के लिए प्रधानमंत्री आदरणीय श्री नरेन्द्र मोदी जी एवं केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री श्री नितिन गडकरी जी के प्रति आभार व्यक्त किया।

बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने राज्य की कनेक्टिविटी को नई दिशा देने वाली प्रमुख सड़क परियोजनाओं की शीघ्र स्वीकृति का अनुरोध किया। मुख्यमंत्री ने केन्द्रीय मंत्री को अवगत कराया कि बिहार में 49,751 करोड़ रूपये की लगभग 330 कि0मी0 कुल लंबाई की 4 महत्वपूर्ण परियोजनाओं को भारत सरकार की पी०पी०पी०ए०सी० (सार्वजनिक निजी भागीदारी मूल्यांकन समिति) द्वारा स्वीकृति मिल चुकी है। राज्य में लॉजिस्टिक्स लागत को कम करने और यातायात को सुगम बनाने की दृष्टि से ये परियोजनाएं अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। वर्तमान में ये सी०सी०ई०ए० (आर्थिक मामलों की कैबिनेट समिति) की अंतिम स्वीकृति हेतु विचाराधीन हैं। इन परियोजनाओं के अन्तर्गत 1976.77 करोड़ की लागत वाले एन0एच0-727एए (गंडक नदी पर 2-लेन पुल), बिहार के मनुआपुल (बेतिया) को उत्तर प्रदेश के तिवारीपट्टी (सेवराही) से जोड़ने वाले पुल एवं पहुंच पथ का निर्माण, 8455.86 करोड़ रूपये की लागत वाले सरिस्ताबाद-दीदारगंज एवं अनीसाबाद-दीदारगंज खंड में 6 लेन एलिवेटेड और सर्विस रोड का निर्माण हाईब्रिड एन्यूटी मोड (HAM मोड), 31987.11 करोड़ रूपये की लागत वाले पटना-पूर्णिया 4-लेन ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे (एन0एच0-09, HAM मोड) का निर्माण तथा 7331.40 करोड़ रूपये की लागत से वाराणसी-रांची-कोलकाता 6 लेन ग्रीनफील्ड हाई-वे (कोणकी गांव से लेरुआ गांव तक HAM मोड पर) का निर्माण शामिल है।

मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री ने केन्द्रीय मंत्री से गोरखपुर-सिलीगुड़ी एक्सप्रेस-वे के बिहार खंड को राष्ट्रीय एक्सप्रेस-वे के रूप में शीघ्र अधिसूचित करने की मांग की। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार निर्माण-पूर्व कार्यों में NHAI को पूर्ण सहयोग दे रही है और संबंधित जिलों में भू-अर्जन (3A अधिसूचना) का कार्य अग्रिम चरण में है। इस एक्सप्रेस-वे के बनने से उत्तर बिहार की नदियों पर नए पुलों का निर्माण होगा, जिससे राज्य के यातायात परिदृश्य में व्यापक बदलाव आएगा। मुख्यमंत्री ने केंद्रीय मंत्री के समक्ष रक्सौल-हल्दिया एक्सप्रेस-वे के संशोधित रूट निर्धारण की स्वीकृति मिलने के पश्चात भू-अर्जन की कार्रवाई प्रारंभ कर दी गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह एक्सप्रेस-वे नेपाल के साथ व्यापारिक गतिविधियों को बढ़ाने और हल्दिया बंदरगाह से बिहार की सीधी संपर्कता स्थापित करने तथा रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने इसे जल्द अधिसूचित कर स्वीकृत करने का अनुरोध किया।

मुख्यमंत्री ने मुजफ्फरपुर-बरौनी (NH-122) 4-लेन निर्माण के बारे में भी केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री को अवगत कराया। उन्होंने मुजफ्फरपुर- बरौनी (NH-122) के 4-लेन चौड़ीकरण कार्य की गति बढ़ाने का अनुरोध किया, जिसकी डी०पी०आर०, एन०एच०ए०आई० द्वारा तैयार की जा चुकी है। मुख्यमंत्री ने केन्द्रीय मंत्री को अवगत कराया कि बिहार में लगभग 2,329 कि०मी० राष्ट्रीय उच्च पथ रख-रखाव एवं विकास के लिए राज्य के पथ निर्माण विभाग को सौंपे गए हैं। विभाग द्वारा 323 कि०मी० लंबाई तथा 13,015 करोड़ रूपये लागत की 6 एन०एच० परियोजनाओं की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) तैयार कर केंद्र को भेजी गई है (जिसमें विक्रमशिला पुल का पहुंच पथ एवं मशरख चकिया-भिट्ठामोड़ 4-लेन चौड़ीकरण आदि शामिल है)। उन्होंने इनकी शीघ्र तकनीकी एवं वित्तीय स्वीकृति का आग्रह किया।

बैठक में बिहार में सड़क नेटवर्क के विस्तार, बेहतर कनेक्टिविटी, पुल एवं एक्सप्रेस-वे निर्माण तथा बाढ़ सुरक्षा से संबंधित आधारभूत संरचना को मजबूत बनाने के विभिन्न पहलुओं पर भी सकारात्मक चर्चा हुई। इन परियोजनाओं के क्रियान्वयन से राज्य में आवागमन सुगम होने के साथ-साथ आर्थिक एवं औद्योगिक गतिविधियों को भी गति मिलेगी।

 

2.सभा सचिवालय में खेल संस्कृति को बढ़ावा देने की पहल, क्रिकेट टूर्नामेंट सहित विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं का होगा आयोजन

बिहार विधान सभा के माननीय अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार के दिशा-निर्देश एवं मार्गदर्शन में बिहार विधान सभा सचिवालय के पदाधिकारियों एवं कर्मचारियों के बीच खेल संस्कृति, शारीरिक स्वास्थ्य, आपसी समन्वय एवं टीम भावना को बढ़ावा देने के उद्देश्य से विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं के आयोजन की तैयारी की जा रही है।

इस आयोजन के तहत विशेष रूप से क्रिकेट टूर्नामेंट का आयोजन किया जाएगा। इसके अतिरिक्त फुटबॉल, वॉलीबॉल, टेबल टेनिस, बैडमिंटन, शतरंज, दौड़, लंबी कूद, ऊँची कूद, तैराकी सहित विभिन्न खेल प्रतियोगिताएँ आयोजित करने की भी योजना है। साथ ही, संगीत, पेंटिंग एवं सांस्कृतिक गतिविधियों के अंतर्गत वाद्ययंत्र प्रतियोगिताओं का भी आयोजन किया जाएगा।

इस संबंध में सभा सचिवालय के पदाधिकारियों एवं कर्मचारियों से उनकी रुचि एवं सहभागिता के आधार पर विभिन्न खेलों में भाग लेने हेतु आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। इस क्रम में भविष्य में बिहार विधान सभा के माननीय सदस्यों के लिए भी विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं के आयोजन की योजना है।

अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार की इस पहल का उद्देश्य कार्यस्थल पर सकारात्मक एवं स्वस्थ वातावरण विकसित करना, कर्मचारियों की प्रतिभा को प्रोत्साहित करना तथा उनमें अनुशासन, सहयोग एवं सामूहिक सहभागिता की भावना को सुदृढ़ करना है। इस आयोजन से पदाधिकारियों एवं कर्मचारियों को अपनी खेल प्रतिभा प्रदर्शित करने के साथ-साथ स्वस्थ प्रतिस्पर्धा एवं आपसी सौहार्द को बढ़ावा देने का अवसर प्राप्त होगा।

 

3.मुख्यमंत्री ने 52वीं राष्ट्रीय जूनियर बालक कबड्डी प्रतियोगिता-2026 का किया उद्घाटन

पटना में आयोजित 52वीं राष्ट्रीय जूनियर बालक कबड्डी प्रतियोगिता (52nd Junior National Kabaddi Championship Boys) 2026 का दीप प्रज्वलित कर विधिवत उद्घाटन किया। राष्ट्रीय जूनियर बालक कबड्डी प्रतियोगिता-2026 का आयोजन 1 से 4 नवम्बर तक किया गया है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने प्रतियोगिता में भाग लेने बिहार आए विभिन्न राज्यों के खिलाड़ियों एवं उनके अभिभावकों का स्वागत किया। मुख्यमंत्री ने सभी प्रतिभागी खिलाड़ियों से मुलाकात की, उनका परिचय जाना और उन्हें सफल होने की शुभकामनाएँ दीं।

इस अवसर पर कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार की धरती पर राष्ट्रीय स्तर की इस प्रतियोगिता का आयोजन हम सभी के लिए गौरव का क्षण है। देश के विभिन्न राज्यों से आए खिलाड़ियों का बिहार में हार्दिक स्वागत है। उन्होंने कहा कि खेल युवाओं में अनुशासन, आत्मविश्वास, टीम भावना और नेतृत्व क्षमता विकसित करने का सशक्त माध्यम है। ऐसी प्रतियोगिताओं से खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने और राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाने का अवसर मिलता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कबड्डी भारत की पारंपरिक और लोकप्रिय खेल विधाओं में से एक है। इस प्रतियोगिता में भाग लेने वाले सभी खिलाड़ी पूरे उत्साह और खेल भावना के साथ अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करें। उन्होंने खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि हरियाणा के खिलाड़ी कबड्डी सहित विभिन्न खेलों में बड़ी संख्या में पदक हासिल करते हैं।

बिहार के खिलाड़ियों को भी इसी तरह उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए अधिक से अधिक पदक जीतने का लक्ष्य रखना चाहिए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पाटलिपुत्र की यह ऐतिहासिक धरती लगभग दो हजार वर्ष पूर्व भी गौरवशाली रही है। बिहार की ऐतिहासिक विरासत और गौरव को फिर से स्थापित करने के लिए हमें मिलकर काम करना है। प्रधानमंत्री आदरणीय श्री नरेन्द्र मोदी जी के विकसित भारत और पूर्व मुख्यमंत्री आदरणीय श्री नीतीश कुमार जी के समृद्ध बिहार के सपने को पूरा करना है। उन्होंने कहा कि बिहार में खेल प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है। बिहार में खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण, आधुनिक खेल सुविधाएँ उपलब्ध करायी जा रही हैं। बिहार के खिलाड़ी भी विभिन्न खेलों में राष्ट्रीय एवं अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना रहे हैं। बिहार बदल रहा है। बिहार भारत के विकास में अपना महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्रतियोगिता में भाग लेने आए विभिन्न राज्यों के खिलाड़ियों को बिहार के प्रमुख ऐतिहासिक, सांस्कृतिक एवं पर्यटन स्थलों का भ्रमण कराया जाए। राज्य की समृद्ध ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक विरासत से उन्हें परिचित कराया जाय। उन्होंने कहा कि यहां आने वाली सभी टीमें बिहार की ब्रांड एंबेसडर हैं। वे यहां से अपने साथ बिहार की सकारात्मक छवि और यहां के आतिथ्य का अनुभव लेकर जाएँ। बिहार में खेलों के विकास के लिए खेल अवसंरचनायें विकसित की जा रही हैं। 20 नये खेल कॉम्प्लेक्स बनाये जा रहे हैं, इससे राज्य के खिलाड़ियों को बेहतर सुविधाएँ मिलेंगी और बिहार राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय खेल आयोजनों के एक प्रमुख केंद्र के रूप में उभरेगा।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने खिलाड़ियों से खेल भावना, अनुशासन और समर्पण के साथ प्रतियोगिता में भाग लेने का आह्वान किया। उन्होंने सभी प्रतिभागियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए प्रतियोगिता की सफलता के लिए शुभकामनाएँ दीं।

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने कबड्डी के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान एवं उपलब्धियों के लिए श्री बलवान सिंह तथा कॉमनवेल्थ पदक विजेता श्री अर्जुन देशवाल को सम्मानित किया।

कार्यक्रम के दौरान बिहार राज्य कबड्डी संघ के मुख्य संरक्षक श्री अंजनी कुमार सिंह ने मुख्यमंत्री को अंग वस्त्र एवं प्रतीक चिन्ह भेंटकर उनका स्वागत किया। मुख्यमंत्री को सम्मान स्वरूप गदा भेंट किया गया।

इस अवसर पर हरियाणा सरकार के मंत्री श्री किशन लाल पंवार, बिहार सरकार के खेल एवं उद्योग मंत्री सुश्री श्रेयसी सिंह ने भी संबोधित किया।

इस अवसर पर बिहार राज्य कबड्‌डी संघ के मुख्य संरक्षक श्री अंजनी कुमार सिंह, बिहार राज्य खेल प्राधिकरण के महानिदेशक श्री रविन्द्रण शंकरण, खेल विभाग के सचिव श्री दीपक आनंद, जिलाधिकारी श्री कुंदन कुमार, वरीय पुलिस अधीक्षक श्री कार्तिकेय के० शर्मा सहित अन्य वरीय अधिकारी, गणमान्य व्यक्ति, खेल पदाधिकारी, प्रशिक्षक एवं विभिन्न राज्यों से आए खिलाड़ी उपस्थित थे।