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विधान सभा अध्यक्ष और बिहार राज्य लोहार समन्वय समिति के सदस्यों के साथ लोहार जाति को बिहार सरकार के जातियों की अनुसूची में अनुसूचित जनजाति के रूप में पुनः शामिल करने के विषय में विचार–विमर्श

बिहार हलचल न्यूज ,जन जन की आवाज
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बिहार विधान सभा के माननीय अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार ने अपने कार्यालय कक्ष में बिहार राज्य लोहार समन्वय समिति के सदस्यों के साथ लोहार जाति को बिहार सरकार के जातियों की अनुसूची में अनुसूचित जनजाति के रूप में पुनः शामिल करने के विषय में विचार–विमर्श किया।

इस बैठक में बिहार विधान सभा के माननीय सदस्य श्री सतीश कुमार सिंह यादव द्वारा बजट सत्र में पूछे गए इससे संबंधित प्रश्न एवं सरकार के जवाब पर चर्चा की गई। विदित हो कि माननीय सर्वोच्च न्यायालय, नई दिल्ली द्वारा दिनांक– 21.02.2022 को पारित आदेश के आलोक में राज्य सरकार द्वारा लोहार जाति को अनुसूचित जनजाति से हटाकर अन्य पिछड़ा वर्ग में शामिल किया गया है। बिहार राज्य लोहार समन्वय समिति के सदस्यों ने माननीय अध्यक्ष डॉ० प्रेम कुमार को लोहार जाति के अनुसूचित जनजाति में शामिल करने के दावे से संबंधित दस्तावेजों से अवगत कराया। उन्होंने माननीय अध्यक्ष से अनुरोध किया कि वे लोहार जाति को अनुसूचित जनजाति में शामिल कराने हेतु समिति के प्रयासों में मदद करें।

माननीय अध्यक्ष ने कहा कि चूंकि यह मामला माननीय सर्वोच्च न्यायालय, नई दिल्ली के आदेश से संबंधित है, अतः इस पर भारतीय संसद द्वारा विधेयक के माध्यम से ही अपेक्षित पहल की जा सकती है। उन्होंने आगत प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि वे बिहार राज्य लोहार समन्वय समिति द्वारा उपलब्ध कराए गए दस्तावेजों के आधार पर इस मामले में भारत सरकार के माननीय संसदीय कार्य मंत्री से पत्राचार करेंगे। साथ ही, समिति द्वारा लोहार जाति को कमार जाति से अलग स्वतंत्र जाति के रूप में अधिसूचित करने की मांग पर वे राज्य सरकार से पत्राचार करेंगे।

इस बैठक में बिहार राज्य लोहार समन्वय समिति के संरक्षक श्री राधाकान्त ठाकुर एवं सदस्यगण श्री भीम विश्वकर्मा, श्री मनोज कुमार शर्मा, श्री शिवशंकर ठाकुर तथा सभा सचिवालय की प्रभारी सचिव सहित अन्य वरीय पदाधिकारी उपस्थित रहे।